12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने?

नमस्कार दोस्तों, 12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने? यह सवाल हर विद्यार्थियों के मन में रहता है क्योंकि, 12वीं के बाद कई करियर विकल्प मौजूद होते हैं. और जिन बच्चों के पास सही गाइडेंस नहीं होती है। उन्हें सही करियर चुनने में कई परेशानियों का सामना करना पड़ता है और काफी विद्यार्थी तो गलत करियर चुन लेते हैं इसका आभास उन्हें आगे चलकर होता है।

12वीं के बाद दो सबसे बेहतरीन करियर मेडिकल और इंजीनियरिंग होते हैं। लेकिन इन दोनों ऑप्शन में से बच्चों को समझ ही नहीं आता है कि उन्हें कौन सा करियर ऑप्शन चुना चाहिए। इसलिए आज हम इस पोस्ट के माध्यम से स्टेप बाय स्टेप बताएंगे कि 12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग कौन सा करियर आप्शन चुने।

मेडिकल और इंजीनियरिंग कोर्स के बारे में इस पोस्ट के माध्यम से विस्तार से बताया गया है। इसलिए यदि आप अपना बेहतरीन करियर बनाना चाहते हैं। तो इस आर्टिकल को अंत तक जरूर पढ़ें और पोस्ट को अपने दोस्तों को भी जरूर शेयर कीजिए ताकि उनको भी 12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने? इस सवाल का जवाब मिल जाए।

12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने?

मेडिकल और इंजीनियरिंग क्षेत्र दोनों ही अपने आप में बहुत बड़े हैं। इसलिए एक शब्द में यह बता पाना मुश्किल है कि आपको दोनों में से कौन सा करियर विकल्प चुनना चाहिए, इसलिए हमने इस पोस्ट में मेडिकल और इंजीनियरिंग दोनों करियर ऑप्शन के बारे में डिटेल से बताया है। तो यदि आप अपना सुनहरा भविष्य बनाना चाहते हैं तो इस आर्टिकल के साथ बने रहें।

12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने
12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने

12वीं के बाद डॉक्टर कैसे बने? 

12वीं के बाद डॉक्टर बनने के लिए आपको दसवीं के बाद ही साइंस (फिजिक्स, केमिस्ट्री, बायोलॉजी) से पढ़ाई करनी होगी और 12वीं कक्षा में काम से कम 55% अंक होना चाहिए. इसके बाद, किसी मान्यता प्राप्त इंस्टीट्यूशन से मेडिकल कोर्स करना होगा ।

12वीं के बाद कई प्रकार के डॉक्टर बन सकते हैं जैसे: MBBS, B.Sc, Nursing, BPT, BAMS आदि आप किस प्रकार का डॉक्टर बनना चाहते हैं। इसका चुनाव आपको मेडिकल कोर्स लेने से पहले ही करना होगा क्योंकि अलग-अलग स्पेशलिस्ट डॉक्टर की मेडिकल की पढ़ाई भी अलग-अलग होती है।

यदि आप 12वीं के बाद मेडिकल कोर्स करना चाहते हैं या 12th ke baad doctor kaise bane? यह जानना चाहते हैं तो इस आर्टिकल को पूरा पढ़ें क्योंकि यहां पर हमें डॉक्टर कैसे बने? इससे संबंधित पूरी जानकारी दी है।

डॉक्टर कितने प्रकार के होते हैं? 

जब आप हॉस्पिटल में जाते होंगे तो आपने देखा होगा कि हड्डियों, चर्म रोग, बुखार, दिल, पेट जैसे कई बीमारियों का इलाज करने के लिए अलग-अलग स्पेशलिस्ट डॉक्टर होते हैं। यदि सभी बीमारियों का इलाज करने वाले स्पेशलिस्ट डॉक्टर को जिन तो 20 से भी अधिक डॉक्टर के प्रकार होते हैं। कुछ डॉक्टर छोटे-मोटे रोगों का इलाज करते हैं तो कुछ डॉक्टर किसी खास अंग के विशेषज्ञ होते हैं।

जिन्हें स्पेशलिस्ट डॉक्टर कहते हैं स्पेशलिस्ट डॉक्टर बनने के लिए विशेष ट्रेनिंग करना होता है और स्पेशलिस्ट डॉक्टर बनने में काफी खर्चा भी आता है, कुछ प्रमुख डॉक्टर के प्रकार इस निम्नलिखित हैं:-

  • जनरल फिजिशियन 
  • दिल का डॉक्टर (cardiologist)
  • दांत का डॉक्टर (dentist)
  • हड्डी का डॉक्टर (orthopedic)
  • पेट का डॉक्टर (gastroenterologist) 
  • बच्चों का डॉक्टर (pediatrician) 
  • स्त्री रोग विशेषज्ञ (gynaecologist)
  • मानसिक रोग विशेषज्ञ (psychiatrist)
  • त्वचा का डॉक्टर (dermatologist)
  • आंख, नाक एवं गला का डॉक्टर (ENT Specialist)

12वीं के बाद डॉक्टर बनने की प्रकिया

आप में से कई विद्यार्थियों का सपना 12वीं के बाद डॉक्टर बनने का होगा आमतौर पर लोगों का मानना है कि, डॉक्टर बनने के लिए करोड़ रुपए होने चाहिए। लेकिन यदि आप मेडिकल प्रवेश परीक्षा पास कर लेते हैं तो आपके पढ़ाई का सारा खर्चा सरकार के द्वारा उठाया जाएगा, इसलिए यदि आप 12वीं के बाद डॉक्टर बनना चाहते हैं तो आपका पहला Goal मेडिकल प्रवेश प्रवेश परीक्षा पास करना होना चाहिए ।

भारत में मेडिकल प्रवेश परीक्षा इस प्रकार है:

  • NEET
  • JPIMER
  • AIIMS 
  • कस्तूरबा मेडिकल कॉलेज 
  • मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज

भारत में डॉक्टर बनने के लिए NEET और AIIMS सबसे लोकप्रिय प्रवेश परीक्षा है। यदि आप एक MBBS डॉक्टर बनना चाहते हैं तो NEET परीक्षा को पास करना अनिवार्य है यह परीक्षा भारत की सबसे कठिन परीक्षाओं में गिनी जाती है नीट प्रवेश परीक्षा का एग्जाम पैटर्न कुछ इस प्रकार होता है।

NEET Exam Pattern

Sl. No.SubjectNo. of QuestionsMarksTime
1Physics45180180 mins  3 hours
2Chemistry45180
4Zoology45180
3Botany45180
Total180720

12th के बाद बेस्ट मेडिकल कोर्सेस

जैसा कि मैं आपको पहले भी बताया कि सामान्य फिजिक्स और स्पेशलिस्ट डॉक्टर को मिला दिया जाए तो 20 से भी अधिक डॉक्टर के प्रकार होते हैं। अलग-अलग बीमारियों कोई इलाज करने के लिए स्पेशलिस्ट डॉक्टर की पढ़ाई भी अलग-अलग होती है। नीचे हमने 12th के बाद बेस्ट मेडिकल कोर्सेस की लिस्ट दी है आप अपनी क्षमता और रुचि के अनुसार कोई भी मेडिकल कोर्स कर सकते हैं।

  • MBBS :- Bachelor of Medicine and Bachelor of Surgery
  • B.Sc Nursing :- Bachelor of Science in Nursing
  • BHMS :- Bachelor of Homeopathic Medicine and Surgery
  • BDS :- Bachelor of Dental Surgery
  • BUMS :- Bachelor of Unani Medicine and Surgery
  • BPT :-  Physiotherapy
  • B.Pharma :- Bachelor of Pharmacy
  • Pharm D :- Doctor of Pharmacy
  • BAMS :- Bachelor of Ayurvedic medicine and Surgery

भारत के टॉप मेडिकल कॉलेज

भारत में कई मेडिकल कॉलेज है जहां पर डॉक्टर की पढ़ाई करवाई जाती है मेडिकल की पढ़ाई करने में कितने पैसे लगेंगे यह इस बात पर निर्भर करता है कि आप किस कॉलेज से कौन सा मेडिकल कोर्स कर रहे हैं। नीचे हमने भारत के टॉप मेडिकल कॉलेज / यूनिवर्सिटी की पूरी लिस्ट दी है जहां से मेडिकल की पढ़ाई कर सकते हैं:-

  • ऑल इंडिया इंस्टीट्यूट ऑफ मेडिकल साइंस (AIIMS), दिल्ली
  • क्रिश्चियन मेडिकल कॉलेज (CMC), वेल्लोर 
  • नेशनल इंस्टीट्यूट आफ मेंटल हेल्थ एंड न्यूरो साइंसेज (NIMHANS), बंगलौर
  • बनारस हिंदू यूनिवर्सिटी (BHU), वाराणसी 
  • किंग जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी (KGMU), लखनऊ
  • अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी (AMU), अलीगढ़ 
  • मौलाना आजाद मेडिकल कॉलेज, नई दिल्ली 
  • गवर्नमेंट मेडिकल कॉलेज एंड हॉस्पिटल (GMCH), चंडीगढ़ 
  • लेडी हार्डिंगे मेडिकल कॉलेज फॉर वूमेन (LHMC), दिल्ली 
  • जामिया हमदर्द, नई दिल्ली 

मेडिकल क्षेत्र में टॉप रिक्रूटर 

मेडिकल की पढ़ाई पूरी करने के बाद आपके पास सरकारी या प्राइवेट किसी एक में जूनियर डॉक्टर असिस्टेंट के रूप में काम मिलता है। उसके बाद जैसे-जैसे आपका डॉक्टर करियर के रूप में एक्सपीरियंस बढ़ेगा तो आपका प्रमोशन भी होता रहेगा ।

इसके अतिरिक्त एक डॉक्टर अपना खुद का क्लीनिक भी ओपन कर सकता है या किसी हेल्थ केयर सेक्टर, मेडिकल कॉलेज में प्रोफेसर, फार्मास्यूटिकल कंपनी जैसे कई जगह डॉक्टर के रूप में अपनी सर्विस दे सकता है।

डॉक्टर की पढ़ाई करने के बाद आप निम्नलिखित जगह पर काम कर सकते हैं:-

  • हॉस्पिटल
    • एम्स 
    • मैक्स  
    • अपोलो 
    • लीलावती हॉस्पिटल  
    • बीएलके सुपर स्पेशलिटी
  • मेडिकल कॉलेज
  • हेल्थ सेंटर
  • लेबोरेटरीज
  • नर्सिंग होम
  • फार्मास्यूटिकल कंपनी
  • बायोमेडिकल कंपनी

डॉक्टर की सैलरी कितनी होती है?

भारत में एक डॉक्टर की सैलरी कई चीजों पर निर्भर करती है जैसे: डॉक्टर का प्रोफेशन, वर्क एक्सपीरियंस, शिक्षा, स्पेशलाइजेशन, अस्पताल, जगह इत्यादि लेकिन सामान्य तौर पर एक डॉक्टर की शुरुआती सैलरी ₹50000 प्रतिमाह हो सकता है। और जैसे-जैसे डॉक्टर का एक्सपीरियंस पड़ता है तो उसकी सैलरी ₹200000 से ₹250000 रुपए प्रतिमाह हो जाती है।

लेकिन एक डॉक्टर अपना खुद का क्लीनिंग खोलकर इससे भी ज्यादा पैसे कमा सकता है इसलिए डॉक्टर के रूप में पैसे कमाने के कई ऑप्शन मौजूद है।

12वीं के बाद डॉक्टर बनने की पूरी प्रक्रिया के बारे में ऊपर हमने विस्तार से बताया है। तो चलिए अब 12वीं के बाद इंजीनियर कैसे बने? यह जानते हैं जिससे आपको बेहतर करियर ऑप्शन चुनने में आसानी होगी।

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12वीं के बाद इंजीनियर कैसे बने? 

इंजीनियरिंग हमेशा से ही एक पॉपुलर करियर ऑप्शन रहा है केवल 12वीं के बाद ही नहीं बल्कि 10वीं के बाद भी डिप्लोमा के रूप में इंजीनियरिंग कोर्स कर सकते हैं। 12वीं के बाद इंजीनियरिंग कोर्स करने के लिए किसी मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी से B.Tech की पढ़ाई करनी होती है।

भारत में इंजीनियरिंग के लिए सबसे पॉपुलर यूनिवर्सिटी जैसे: IIT, NIT, BIT आदि है यदि आप इनमें से किसी भी यूनिवर्सिटी से इंजीनियरिंग कोर्स करते हैं तो आपके सफल होने की संभावना काफी अधिक होती है।

इंजीनियरिंग कोर्स में दाखिला लेने के लिए कई प्रवेश परीक्षाएं हैं जैसे: JEE Mains, JEE Advance, GATE , BITSAT , CMAT, WBJEE , COMEDK UGET आदि। इन सभी परीक्षा में से जेईई मेन्स, जेईई एडवांस सबसे ज्यादा पॉपुलर है यदि आप इन दोनों में से किसी भी प्रवेश परीक्षा को पास कर लेते हैं तो IIT, NIT में एडमिशन हो जाएगा ।

मेडिकल मेडिकल डॉक्टर की तरह ही इंजीनियर के कई प्रकार होते हैं। आप अपनी रुचि के अनुसार किसी भी इंजीनियरिंग प्रोग्राम में एडमिशन ले सकते हैं बीटेक इंजीनियरिंग कोर्स 4 सालों का होता है तो चलिए स्टेप बाय स्टेप जानते हैं 12वीं के बाद कैसे इंजीनियर बन सकते हैं।

इंजीनियर कितने प्रकार का होता है?

इंजीनियरिंग करने से पहले आपको यह जानना आवश्यक है कि इंजीनियर कितने प्रकार के होते हैं। क्योंकि, अधिकतर विद्यार्थी इंजीनियर तो बनना चाहते हैं। लेकिन उन्हें इंजीनियर के प्रकार के बारे में पता नहीं होता है जिससे वह कई बार गलत कोर्स में एडमिशन ले लेते हैं। इसलिए आपको सही इंजीनियरिंग फील्ड का चुनाव करना आवश्यक है क्योंकि, अलग-अलग इंजीनियरों की सैलरी भी अलग-अलग होती है।

इंजीनियर के प्रकार निम्नलिखित है:-

  • इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग
  • मैकेनिकल इंजीनियरिंग
  • सिविल इंजीनियरिंग
  • कंप्यूटर इंजीनियरिंग
  • जनन विज्ञान अभियांत्रिकी इंजीनियरिंग
  • खेल टेक्नोलॉजी इंजीनियरिंग
  • कृषि इंजीनियरिंग
  • ध्वनि अभियंता इंजीनियरिंग
  • ऊर्जा इंजीनियरिंग
  • फोटोनिक्स इंजीनियरिंग
  • हाइड्रॉलिक इंजीनियरिंग
  • पैट्रोलियम इंजीनियरिंग
  • ओसियन इंजीनियरिंग या महासागर इंजीनियरिंग
  • एथिकल हैकिंग

इंजीनियर की पढ़ाई कितने साल की होती है?

12वीं के बाद इंजीनियरिंग करने के लिए किसी भी मान्यता प्राप्त यूनिवर्सिटी या कॉलेज से B.Tech की पढ़ाई कर सकते हैं। B.Tech 4 साल का कोर्स होता है लेकिन कई बार विद्यार्थियों को इसे पूरा करने में 5 साल का भी समय लग जाता है बीटेक कोर्स पूरा हो जाने के बाद उम्मीदवारों को इंजीनियरिंग की डिग्री मिल जाती है।

यदि आप किसी बड़े इंजीनियरिंग कॉलेज से बीटेक करते हैं तो नौकरी लगने की संभावना काफी अधिक बढ़ जाती है क्योंकि कोर्स की लास्ट सेमेस्टर में कई MNC कंपनियां इंजीनियरों को हायर करना शुरू कर देती है।

इंजीनियर क्या काम करता है?

नई-नई चीजो को डिजाइन करना विज्ञान और गणित का उपयोग करके कुछ नया आविष्कार करना उसे इंजीनियरिंग कहते हैं। एक इंजीनियर के पास तकनीकी समस्याओं को हल करना और कुछ नया अविष्कार करने का कौशल प्राप्त होता है अलग-अलग फील्ड सेक्टर के लिए अलग-अलग तरह के इंजीनियर होते हैं।

भारत में इलेक्ट्रिक इंजीनियरिंग, मैकेनिकल इंजीनियरिंग, सिविल इंजीनियरिंग, कंप्यूटर इंजीनियरिंग की पढ़ाई काफी ज्यादा पॉपुलर है आमतौर पर बाकी इंजीनियरों की तुलना में कंप्यूटर इंजीनियर की सैलरी काफी अधिक होती है।

भारत में इंजीनियरिंग के लिए कॉलेज

वैसे तो भारत में इंजीनियरिंग के लिए सैकड़ो कॉलेज मौजूद है। लेकिन कुछ सबसे पॉपुलर कॉलेज जहां से आप इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करते हैं तो आपकी नौकरी लगने की संभावना काफी अधिक बढ़ जाती है उनकी लिस्ट, नीचे दी गई है। यदि आप इंजीनियरिंग की पढ़ाई करना चाहते हैं तो हो सके तो इन Top 10 Colleges से ही इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करें।

इंजीनियरिंग के लिए टॉप कॉलेज की लिस्ट इस प्रकार है:

  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी दिल्ली
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी खरगपुर
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी मुंबई
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी कानपुर
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी रुड़की
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी गुवाहाटी
  • बिरला इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी पिलानी
  • दिल्ली टेक्नोलॉजी यूनिवर्सिटी दिल्ली
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी धनबाद
  • इंडियन इंस्टिट्यूट ऑफ़ टेक्नोलॉजी इंदौर

12वीं के बाद इंजीनियरिंग कोर्स?

12वीं के बाद विद्यार्थी इंजीनियर तो बनना चाहते हैं लेकिन उन्हें इंजीनियरिंग कोर्स के बारे में कोई भी जानकारी नहीं होती है। भारत में 35 से भी अधिक इंजीनियरिंग के कोर्स करवाए जाते हैं यह आप पर निर्भर करता है कि आप कौन से स्ट्रीम से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करना चाहते हैं।

मैं, आपको सलाह देना चाहूंगा कि आप उसी स्ट्रीम से इंजीनियरिंग की पढ़ाई पूरी करें जिसमें आपको सबसे ज्यादा रुचि हो क्योंकि आगे चलकर आपका चलकर आपको इस फील्ड में अपना कैरियर बनाना होगा और यदि आपका रुचि नहीं होगा तो आप मन लगाकर काम नहीं कर पाएंगे।

12वीं के बाद इंजीनियरिंग कोर्स की लिस्ट:

  • B.E/B.Tech in Computer Science Engineering
  • B.E/B.Tech in Electronics and Communication Engineering
  • B.E/B.Tech in Electrical Engineering
  • B.E/B.Tech in Electrical and Electronics Engineering
  • B.E/B.Tech in Civil Engineering
  • B.E/B.Tech in Chemical Engineering
  • B.E/B.Tech in Instrumentation and Control Engineering
  • B.E/B.Tech in Electronics Engineering
  • B.E/B.Tech in Electronics and Telecommunication Engineering
  • B.E/B.Tech in Petroleum Engineering
  • B.E/B.Tech in Aeronautical Engineering
  • B.E/B.Tech in Automobile Engineering
  • B.E/B.Tech in Mining Engineering
  • B.E/B.Tech in Power Engineering
  • B.E/B.Tech in Production Engineering
  • B.E/B.Tech in Biotechnology Engineering
  • B.E/B.Tech in Genetic Engineering
  • B.E/B.Tech in Plastics Engineering
  • B.E/B.Tech in Mechanical Engineering
  • B.E/B.Tech in Aerospace Engineering
  • B.E/B.Tech in Motorsport Engineering
  • B.E/B.Tech in Geoinformatics
  • B.E/B.Tech in Information Technology
  • B.E/B.Tech in Food Processing and Technology
  • B.E/B.Tech in Agricultural Engineering
  • B.E/B.Tech in Environmental Engineering
  • B.E/B.Tech in Dairy Technology and Engineering
  • B.E/B.Tech in Agricultural Information Technology
  • B.E/B.Tech in Infrastructure Engineering
  • B.E/B.Tech in Metallurgy Engineering
  • B.E/B.Tech in Textile Engineering
  • B.E/B.Tech in Marine Engineering
  • B.E/B.Tech in Naval Architecture
  • B.E/B.Tech in Petrochemical Engineering
  • B.E/B.Tech in Polymer Engineering
  • B.E/B.Tech in Geotechnical Engineering
  • B.E /B.Tech in Nuclear Engineering

इंजीनियर की सैलरी कितनी होती है?

एक डॉक्टर की तरह ही इंजीनियर की सैलरी उसके प्रोफेशन, वर्क एक्सपीरियंस, शिक्षा, स्पेशलाइजेशन, जगह जैसे अन्य कई कारकों पर निर्भर करती है। एक इंजीनियर की सैलरी कभी भी एक समान नहीं हो सकती है शुरुआती दौर में इंजीनियर की सैलरी ₹25000 से ₹50000 प्रतिमाह होती है।

लेकिन यदि इंजीनियर किसी MNC कंपनी जैसे गूगल, फेसबुक, माइक्रोसॉफ्ट या अन्य किसी बड़े टेक कंपनी के साथ काम कर रहा है तो, उसकी सैलरी करोड़ में जा सकती है। इसलिए सैलरी की चिंता ना ना करते हुए अपने नॉलेज पर कम करें क्योंकि यदि आपको अपनी फील्ड की पूरी जानकारी होगी तभी आपको अच्छे पैसे मिलेंगे।

Conclusion

दोस्तों, इस पोस्ट के माध्यम से हमने मेडिकल और इंजीनियरिंग कोर्स के बारे में पूरी जानकारी दी है। आप यह आप पर निर्भर करता है कि आप कौन सा कोर्स करना चाहते हैं। दोनों ही फील्ड अपने आप में बहुत बड़ी है और दोनों का वर्क प्रोफाइल भी बिल्कुल अलग है इसलिए आप अपने इंटरेस्ट के अनुसार ही निर्णय लीजिए।

मुझे उम्मीद है कि इस आर्टिकल के माध्यम से आपको सारे सवालों के जवाब मिल गए होंगे लेकिन यदि फिर भी आपका कोई प्रश्न हो तो आप हमें कमेंट करके जरूर बताएं हम आपकी मदद करने की पूरी कोशिश करेंगे और एजुकेशन से संबंधित नॉलेज पाने के लिए इस पोस्ट को विकसित करते रहें।

आपसे एक निवेदन है इस पोस्ट को उन लोगों तक जरूर शेयर कीजिए जो 12वीं के बाद मेडिकल या इंजीनियरिंग क्या चुने? इस सवाल का जवाब जानना चाहते हैं ताकि ज्यादा से ज्यादा लोगों की मदद हो सके, धन्यवाद।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न (FAQs)

क्या मुझे मेडिकल या इंजीनियरिंग चुनना चाहिए?

यह एक ऐसा प्रश्न है जिसका जवाब एक लाइन में नहीं दिया जा सकता इसलिए इस प्रश्न का जवाब हमने इस आर्टिकल के माध्यम से संक्षिप्त में दिया है। तो यदि आपको समझ है नहीं आ रहा है कि आप 12वीं के बाद मेडिकल करें या इंजीनियरिंग तो इस पोस्ट को पूरा जरूर पढ़ें।

मेडिकल या इंजीनियरिंग कौन सा अधिक कठिन है?

दोनों ही कोर्स अपने आप में कठिन है कई लोगों का मानना है की मेडिकल कोर्स बहुत कठिन है तो कई लोगो का मानना है कि इंजीनियरिंग बहुत कठिन है। मेडिकल का प्रवेश परीक्षा NEET और इंजीनियरिंग का प्रवेश परीक्षा JEE दोनों ही भारत की सबसे कठिन परीक्षा मानी जाती है।

क्या मैं इंजीनियरिंग और मेडिकल दोनों कर सकता हूं?

जी हां, यदि आपकी रुचि है तो आप इंजीनियरिंग और मेडिकल दोनों कर सकते हैं। लेकिन यह दोनों फील्ड अपने आप में एक दूसरे से काफी अंतर है मेडिकल की पढ़ाई करने के लिए आपको एमबीबीएस की पढ़ाई करनी होगी और इंजीनियर बनने के लिए B.tech करना होगा।

डॉक्टर या इंजीनियर में से कौन बेहतर है?

इसमें कोई दो राय नहीं है कि दोनों ही फील्ड अपने आप में बेहतर है लेकिन कमाई की दृष्टि से देखें तो डॉक्टरी एक पेशा है और नौकरी से ज्यादा पेशे में अधिक कमाई होती है।

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